1इस्राएल के घराने में मैं ने रोएं खड़े होने का कारण देखा है; उस में एप्रैम का छिनाला और इस्राएल की अशुद्धता पाई जाती है॥
2और हे यहूदा, जब मैं अपनी प्रजा को बंधुआई से लौटा ले आऊंगा, उस समय के लिये तेरे निमित्त भी बदला ठहराया हुआ है॥
3जब मैं इस्राएल को चंगा करता हूं तब एप्रैम का अधर्म और शोमरोन की बुराइयां प्रगट हो जाती हैं; वे छल से काम करते हैं, चोर भीतर घुसता, और डाकुओं का दल बाहर छीन लेता है।
4तौभी वे नहीं सोचते कि यहोवा हमारी सारी बुराई को स्मरण रखता है। इसलिये अब वे अपने कामों के जाल में फसेंगे, क्योंकि उनके कार्य मेरी दृष्टि में बने हैं।
5वे राजा को बुराई करने से, और हाकिमों को झूठ बोलने से आनन्दित करते हैं।

6वे सब के सब व्यभिचारी हैं; वे उस तन्दूर के समान हैं जिस को पकाने वाला गर्म करता है, पर जब तक आटा गूंधा नहीं जाता और खमीर से फूल नहीं चुकता, तब तक वह आग को नहीं उकसाता।
7हमारे राजा के जन्म दिन में हाकिम दाखमधु पीकर चूर हुए; उसने ठट्ठा करने वालों से अपना हाथ मिलाया।
8जब तक वे घात लगाए रहते हैं, तब तक वे अपना मन तन्दूर की नाईं तैयार किए रहते हैं; उन का पकाने वाला रात भर सोता रहता है; वह भोर को तन्दूर की धधकती लौ के समान लाल हो जाता है।
9वे सब के सब तन्दूर की नाईं धधकते, और अपने न्यायियों को भस्म करते हैं। उनके सब राजा मारे गए हैं; और उन में से कोई मेरी दोहाई नहीं देता है॥
10एप्रैम देश देश के लोगों से मिलाजुला रहता है; एप्रैम ऐसी चपाती ठहरा है जो उलटी न गई हो।

11परदेशियों ने उसका बल तोड़ डाला, परन्तु वह इसे नहीं जानता; उसके सिर में कहीं कहीं पके बाल हैं, परन्तु वह इसे भी नहीं जानता।
12इस्राएल का गर्व उसी के विरुद्ध साक्षी देता है; इन सब बातों के रहते हुए भी वे अपने परमेश्वर यहोवा की ओर नहीं फिरे, और न उसको ढूंढ़ा है॥
13एप्रैम एक भोली पण्डुकी के समान हो गया है जिस के कुछ बुद्धि नहीं; वे मिस्रियों की दोहाई देते, और अश्शूर को चले जाते हैं।
14जब वे जाएं, तब उनके ऊपर मैं अपना जाल फैलाऊंगा; मैं उन्हें ऐसा खींच लूंगा जैसे आकाश के पक्षी खींचे जाते हैं; मैं उन को ऐसी ताड़ना दूंगा, जैसी उनकी मण्डली सुन चुकी है।
You have read Hosea 8
14 verses