Lumina
Ezekiel

Judgment Foretold

Ezekiel 5·Hindi Bible

1परन्तु जब जब मैं तुझ से बातें करूं, तब तब तेरे मुंह को खोलूंगा, और तू उन से ऐसा कहना, कि प्रभु यहोवा यों कहता है, जो सुनता है वह सुन ले और जो नहीं सुनता वह न सुने, वे तो बलवई घराने के हैं ही।

2और हे मनुष्य के सन्तान, तू एक ईंट ले और उसे अपने साम्हने रख कर उस पर एक नगर, अर्थात यरूशलेम का चित्र खींच;

3तब उसे घेर अर्थात उसके विरुद्ध क़िला बना और उसके साम्हने दमदमा बान्ध; और छावनी डाल, और उसके चारों ओर युद्ध के यंत्र लगा।

4तब तू लोहे की थाली ले कर उसको लोहें की शहरपनाह मान कर अपने और उस नगर के बीच खड़ा कर; तब अपना मुंह उसके साम्हने कर के उसे घेरवा, इस रीति से तू उसे घेर रखना। यह इस्राएल के घराने के लिये चिन्ह ठहरेगा।

5फिर तू अपने बांयें पांजर के बल लेट कर इस्राएल के घराने का अधर्म अपने ऊपर रख; क्योंकि जितने दिन तू उस पांजर के बल लेटा रहेगा, उतने दिन तक उन लोगों के अधर्म का भार सहता रह।

Ezekiel 5 illustration - Ezekiel Chapter 5

6मैं ने उनके अधर्म के वर्षों के तुल्य तेरे लिये दिन ठहराए हैं, अर्थात तीन सौ नब्बे दिन; उतने दिन तक तू इस्राएल के घराने के अधर्म का भार सहता रह।

7और जब इतने दिन पूरे हो जाएं, तब अपने दाहिने पांजर के बल लेट कर यहूदा के घराने के अधर्म का भार सह लेना; मैं ने उसके लिये भी और तेरे लिये एक वर्ष की सन्ती एक दिन अर्थात चालीस दिन ठहराए हैं।

8और तू यरूशलेम के घेरने के लिये बांह उघाड़े हुए अपना मुंह उधर कर के उसके विरुद्ध भविष्यद्वाणी करना।

9और देख, मैं तुझे रस्सियों से जकडूंगा, और जब तक उसके घेरने के दिन पूरे न हों, तब तक तू करवट न ले सकेगा।

10और तू गेहूं, जव, सेम, मसूर, बाजरा, और कठिया गेहूं ले कर, एक बासन में रख कर उन से रोटी बनाया करना। जितने दिन तू अपने पांजर के बल लेटा रहेगा, उतने अर्थात तीन सौ नब्बे दिन तक उसे खाया करना।

Ezekiel 5 illustration - Ezekiel Chapter 5

11और जो भोजन तू खाए, उसे तौल तौलकर खाना, अर्थात प्रति दिन बीस बीस शेकेल भर खाया करना, और उसे समय समय पर खाना।

12पानी भी तू माप कर पिया करना, अर्थात प्रति दिन हीन का छठवां अंश पीना; और उसको समय समय पर पीना।

13और अपना भोजन जव की रोटियों की नाईं बना कर खाया करना, और उसको मनुष्य की बिष्ठा से उनके देखते बनाया करना।

14फिर यहोवा ने कहा, इसी प्रकार से इस्राएल उन जातियों के बीच अपनी अपनी रोटी अशुद्धता से खाया करेंगे, जहां में उन्हें बरबस पहुंचाऊंगा।

15तब मैं ने कहा, हाय, यहोवा परमेश्वर देख, मेरा मन कभी अशुद्ध नहीं हुआ, और न मैं ने बचपन से ले कर अब तक अपनी मृत्यु से मरे हुए वा फाड़े हुए पशु का मांस खाया, और न किसी प्रकार का घिनौना मांस मेरे मुंह में कभी गया है।

Ezekiel 5 illustration - Ezekiel Chapter 5

16तब उसने मुझ से कहा, देख, मैं ने तेरे लिये मनुष्य की विष्ठा की सन्ती गोबर ठहराया है, और उसी से तू अपनी रोठी बनाना।

17फिर उसने मुझ से कहा, हे मनुष्य के सन्तान, देख, मैं यरूशलेम में अन्नरूपी आधार को दूर करूंगा; सो वहां के लोग तौल तोलकर और चिन्ता कर कर के रोटी खाया करेंगे; और माप मापकर और विस्मित हो हो कर पानी पिया करेंगे।

Chapter Complete

You have read Ezekiel 5

17 verses