1रूएल के पुत्र: नहत, जेरह, शम्मा और मिज्जा।
2फिर सेईर के पुत्र: लोतान, शोबाल, सिबोन, अना, दीशोन, एसेर और दीशान हैं।
3और लोतान के पुत्र: होरी और होमाम, और लोतान की बहिन तिम्ना थी।
4शोबाल के पुत्र: अल्यान, मानहत, एबाल, शपी और ओनाम।
5और सिबोन के पुत्र: अय्या, और अना। अना का पुत्र: दीशोन। और दीशोन के पुत्र: हम्रान, एशबान, यित्रान और करान।

6एसेर के पुत्र बिल्हान, जाचान और याकान। और दीशान के पुत्र: ऊस और अरान हैं।
7जब किसी राजा ने इस्राएलियों पर राज्य न किया था, तब एदोम के देश में ये राजा हुए: अर्थात बोर का पुत्र बेला और उसकी राजधानी का नाम दिन्हाबा था।
8बेला के मरने पर, बोस्राई जेरह का पुत्र योबाब, उसके स्थान पर राजा हुआ।
9और योबाब के मरने पर, तेमानियों के देश का हूशाम उसके स्थान पर राजा हुआ।
10फिर हूशाम के मरने पर, बदद का पुत्र हदद, उसके स्थान पर राजा हुआ: यह वही है, जिसने मिद्यानियों को मोआब के देश में मार लिया; और उसकी राजधानी का नाम अबीत था।

11और हदद के मरने पर, मस्रेकाई सम्ला उसके स्थान पर राजा हुआ।
12फिर सम्ला के मरने पर शाऊल, जो महानद के तट पर के रहोबोत नगर का था, वह उसके स्थान पर राजा हुआ।
13और शाऊल के मरने पर अकबोर का पुत्र बाल्हानान उसके स्थान पर राजा हुआ।
14और बल्हानान के मरने पर, हदद उसके स्थान पर राजा हुआ; और उसकी राजधानी का नाम पाई था। और उसकी पत्नी का नाम महेतबेल था जो मेज़ाहाब की नातिनी और मत्रेद की बेटी थी। और हदद मर गया।
15फिर एदोम के अधिपति ये थे: अर्थात अधिपति तिम्ना, अधिपति अल्या, अधिपति यतेत, अधिपति ओहोलीवामा,

16अधिपति एला, अधिपति पीनोन, अधिपति कनज,
17अधिपति तेमान, अधिपति मिबसार, अधिपति मग्दीएल, अधिपति ईराम।
18एदोम के ये अधिपति हुए।
19इस्राएल के ये पुत्र हुए; रूबेन, शिमोन, लेवी, यहूदा, इस्साकार, जबूलून, दान।
20यूसुफ, बिन्यामीन, नप्ताली, गाद और आशेर।

21यहूदा के ये पुत्र हुए: एर, ओनान और शेला, उसके ये तीनों पुत्र, बतशू नाम एक कनानी स्त्री से उत्पन्न हुए। और यहूदा का जेठा एर, यहोवा की दृष्टि में बुरा था, इस कारण उसने उसको मार डाला।
22यहूदा की बहू तामार से पेरेस और जेरह उत्पन्न हुए। यहूदा के सब पुत्र पांच हुए।
23पेरेस के पुत्र: हेस्रोन और हामूल।
24और जेरेह के पुत्र: जिम्री, एतान, हेमान, कलकोल और दारा सब मिल कर पांच।
25फिर कमीं का पुत्र: आकान जो अर्पण की हुई पस्तु के विषय में विश्वासघात कर के इस्राएलियों का कष्ट देने वाला हुआ।

26और एतान का पुत्र: अजर्याह।
27हेस्रोन के जो पुत्र उत्पन्न हुए: यरह्मेल, राम और कलूबै।
28और राम से अम्मीनादाब और अम्मीनादाब से नहशोन उत्पन्न हुआ जो यहूदियों का प्रधान बना।
29और नहशोन से सल्मा और सल्मा से बोअज,
30और बोअज से ओबेद और ओबेद से यिशै उत्पन्न हुआ।

31और यिशै से उसका जेठा एलीआब और दूसरा अबीनादाब तीसरा शिमा।
32चौथा नतनेल और पांचवां रद्दैं। छठा ओसेम और सातवां दाऊद उत्पन्न हुआ।
33इनकी बहिनें सरूयाह ओर अबीगैल थीं।
34और सरूयाह के पुत्र अबीशै, योआब और असाहेल थे तीन थे।
35और अबीगैल से अमासा उत्पन्न हुआ, और अमासा का पिता इश्माएली येतेर था।

36हेस्रोन के पुत्र कालेब के अजूबा नाम एक स्त्री से, और यरीओत से, बेटे उत्पन्न हुए; और इसके पुत्र ये हुए अर्थात येशेर, शेबाब और अर्दोन।
37जब अजूबा मर गई, सब कालेब ने एप्रात को ब्याह लिया; और जिससे हूर उत्पन्न हुआ।
38और हूर से ऊरी और ऊरी से बसलेल उत्पन्न हुआ।
39इसके बाद हेस्रोन गिलाद के पिता माकीर की बेटी के पास गया, जिसे उसने तब ब्याह लिया, जब वह साठ वर्ष का था; और उस से सगूब उत्पन्न हुआ।
40और सगूब से याईर जन्मा, जिसके गिलाद देश में तेईस नगर थे।

41और गशूर और अराम ने याईर की बस्तियों को और गांवों समेत कनत को, उन से ले लिया; ये सब नगर मिलकर साठ थे। ये सब गिलाद के पिता माकीर के पुत्र हुए।
42और जब हेस्रोन कालेबेप्राता में मर गया, तब उसकी अबिय्याह नाम स्त्री से अशहूर उत्पन्न हुआ जो तको का पिता हुआ।
43और हेस्रोन के जेठे यरह्मेल के थे पुत्र हुए: अर्थात राम जो उसका जेठा था; और बूना, ओरेन, ओसेम और यहिय्याह।
44और यरह्मेल की एक और पत्नी थी, जिसका नाम अतारा था; वह ओनाम की माता थी।
45और यरह्मेल के जेठे राम के ये पुत्र हुए, अर्थात मास, यामीन और एकेर।

46और ओनाम के पुत्र शम्मै और यादा हुए। और शम्मै के पुत्र नादाब और अबीशूर हुए।
47और अबीशूर की पत्नी का नाम अबीहैल था, और उस से अहबान और मोलीद उत्पन्न हुए।
48और नादाब के पुत्र सेलेद और अत्पैम हुए; सेलेद तो नि:सन्तान मर गया। और अप्पैम का पुत्र यिशी।
49और यिशी का पुत्र शेशान और शेशान का पुत्र: अहलै।
50फिर शम्मै के भाई यादा के पुत्र: येतेर और योनातान हुए; येतेर तो नि:सन्तान मर गया।

51योनातान के पुत्र पेलेत और जाजा; यरह्मेल के पुत्र ये हुए।
52शेशान के तो बेटा न हुआ, केवल बेटियां हुई। शेशान के पास यर्हा नाम एक मिस्री दास था।
53और शेशान ने उसको अपनी बेटी ब्याह दी, और उस से अत्तै उत्पन्न हुआ।
54और अत्तै से नातान, नातान से जाबाद।
55जाबाद से एपलाल, एपलाल से ओबेद।
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